उत्तराखंड देहरादूनGas Cylinder Shortage Triggers Road Block Protest in Dehradun

Uttarakhand news: देहरादून में गैस के लिए गदर, सिलिंडर ना मिलने पर मचा बवाल; शिमला बाईपास पर चक्का जाम

Gas Crisis Dehradun: देहरादून के भुड्डी गांव में गैस सिलेंडर की भारी किल्लत से नाराज महिलाओं ने Shimla Bypass पर जाम लगा दिया। प्रशासन के आश्वासन के बाद प्रदर्शन खत्म हुआ, लेकिन लोगों में नाराजगी बनी हुई है।

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Image: Gas Cylinder Shortage Triggers Road Block Protest in Dehradun (Source: Social Media)

देहरादून: देहरादून के भुड्डी गांव में घरेलू गैस सिलेंडर की लगातार किल्लत से लोगों का धैर्य टूट गया। शुक्रवार सुबह महिलाओं ने Shimla Bypass पर सड़क जाम कर दिया और गैस एजेंसी संचालक व जिला आपूर्ति विभाग के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। इस दौरान सड़क पर लंबा ट्रैफिक जाम लग गया, जिससे आम लोगों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ा।

Gas Shortage Protest in Dehradun, Women Block Shimla Bypass

ग्रामीणों के अनुसार पिछले कई दिनों से भुड्डी गांव और आसपास के इलाकों में गैस सिलेंडर की डिलीवरी पूरी तरह ठप है। लोगों का कहना है कि उन्होंने 15 से 20 दिन पहले सिलेंडर बुक कराया था, लेकिन अब तक सप्लाई नहीं हुई। रोज एजेंसी के चक्कर लगाने के बावजूद हर बार “स्टॉक नहीं है” कहकर वापस भेज दिया जाता है। हालात ऐसे हो गए हैं कि कई परिवारों को खाना बनाने के लिए लकड़ी और कोयले का सहारा लेना पड़ रहा है। सुबह करीब 9 बजे भुड्डी गांव की करीब 50 महिलाएं सड़क पर उतर आईं और विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया। उन्होंने एजेंसी संचालक के खिलाफ नारे लगाए और आपूर्ति विभाग से तुरंत कार्रवाई की मांग की। कुछ ही देर में पुरुष भी इस प्रदर्शन में शामिल हो गए और सभी ने मिलकर सड़क पर बैठकर ट्रैफिक रोक दिया। प्रदर्शन के चलते Shimla Bypass पर लंबा जाम लग गया। सड़क के दोनों ओर वाहनों की कतारें लग गईं, जिससे आने-जाने वाले लोगों को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ा।आगे पढ़िए..

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Dehradun News: 48 घंटे के आश्वासन के बाद खुला जाम

सूचना मिलने पर पुलिस और प्रशासन की टीम मौके पर पहुंची और प्रदर्शनकारियों से बातचीत की। ग्रामीणों ने साफ कहा कि जब तक उन्हें लिखित आश्वासन नहीं मिलेगा, वे सड़क खाली नहीं करेंगे। करीब दो घंटे बाद प्रशासन ने 48 घंटे के भीतर गैस सिलेंडर की आपूर्ति सुनिश्चित करने का आश्वासन दिया, जिसके बाद जाम खोल दिया गया। हालांकि फिलहाल जाम खुल गया है, लेकिन ग्रामीणों में नाराजगी अभी भी बनी हुई है। लोगों का कहना है कि यदि तय समय सीमा में गैस की आपूर्ति नहीं हुई, तो वे दोबारा आंदोलन करने को मजबूर होंगे। यह घटना एक बार फिर मूलभूत सुविधाओं की कमी को उजागर करती है।