देहरादून: लंबित मांगों पर कार्रवाई न होने से नाराज़ दिव्यांगों की बड़ी भीड़ ने आज मुख्यमंत्री आवास के बाहर जोरदार प्रदर्शन किया। इस दौरान पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच धक्का-मुक्की भी हुई। हालात बिगड़ते देख पुलिस ने कई दिव्यांगों को हिरासत में लिया और बाद में हर्रावाला पुलिस चौकी ले जाकर छोड़ दिया।
Disabled people demonstrated at Chief Minister's residence
जानकारी के अनुसार, सोमवार को यानि आज देहरादून शहर के अलग-अलग इलाकों से करीब 350 दिव्यांग निजी और कमर्शियल वाहनों से सीधे मुख्यमंत्री आवास की ओर कूच किया। अचानक हुए इस कूच से पुलिस प्रशासन के हाथ-पांव फूल गए। विजय कॉलोनी में पुलिस टीम ने उन्हें रोकने का प्रयास किया, लेकिन प्रदर्शनकारी अपनी मांगों पर अड़े रहे और अपने संगठन का बैनर लेकर मुख्यमंत्री आवास तक पहुंच गए। मुख्यमंत्री आवास के बाहर दिव्यांगों ने जोरदार नारेबाजी और हंगामा किया।
पुलिस ने कई दिव्यांग किए गिरफ्तार
पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को समझाने की कोशिश की, लेकिन सभी दिव्यांग लोग मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी से वार्ता की जिद पर अड़े रहे। जिसके बाद मौके पर मौजूद पुलिस टीम ने कई दिव्यांगों को जबरदस्ती गिरफ्तार किया। पुलिस ने कड़ी सुरक्षा के बीच उन्हें हर्रावाला पुलिस चौकी ले जाया गया, जहां से बाद में उन्हें रिहा कर दिया गया। प्रदर्शन में शामिल दिव्यांगों ने बताया कि बीते 3 सितंबर को उन्होंने प्रशासन को ज्ञापन सौंपकर चार दिन के भीतर सकारात्मक कार्रवाई का आग्रह किया था। लेकिन जब सरकार की ओर से कोई कदम नहीं उठाया गया, तो संगठन ने मुख्यमंत्री आवास कूच का फैसला किया।
दिव्यांगों की मांगों को अनदेखा कर रही सरकार
उत्तराखंड दिव्यांग क्रांति महाआंदोलन संगठन के प्रतिनिधि विपिन चौहान ने आरोप लगाया कि वार्ता के लिए एक भी अधिकारी मौके पर नहीं पहुंचा। प्रदर्शनकारियों का आरोप है कि सरकार दिव्यांगों की मांगों की अनदेखा कर रही है और उनके साथ उत्पीड़न का काम कर रही है। इन संगठन के प्रतिनिधियों के साथ भूमिका यादव, अरविंद चौहान, अरुण कुमार चौधरी, अनीता शास्त्री, निर्मला मेहता, प्रेमा विश्वास, नवीन कुमार, सरिता जोशी, सत्य प्रकाश सहित कई लोग मौजूद रहे।
कूच की नहीं ली गई थी अनुमति
जानकारी के अनुसार, उत्तराखंड दिव्यांग क्रांति महाआंदोलन संगठन ने मुख्यमंत्री आवास कूच की कोई अनुमति नहीं ली थी। पुलिस इंटेलिजेंस को इसकी भनक तक नहीं लगी और अलग-अलग क्षेत्रों से निकले बड़ी संख्या में दिव्यांग अचानक मुख्यमंत्री आवास के बाहर पहुंच गए, और प्रदर्शन करने लगे। जिसके बाद पुलिस ने कई दिव्यांगों को गिरफ्तार किया और थाने ले गए।