उत्तराखंड में IPL के नाम पर सबसे बड़ी लूट..पहाड़ के भेड़पालक से ठगे 70 लाख रुपये

इसे उत्तराखंड में IPL के नाम पर सबसे बड़ी लूट कह सकते हैं। एक भेड़पालक से 70 लाख रुपये ठगे गए हैं।

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पहाड़ में एक भेड़ पालक ने अपनी सारी भेड़-बकरियां बेच दीं। अपने नाते रिश्तेदारों से कर्ज लिया और एक पल में सब कुछ गंवा दिया। उत्तरकाशी जिले के मोरी विकासखंड के लिवाड़ी गांव के रहने वाले हाकम सिंह के साथ IPL के नाम पर सबसे बड़ी लूट हुई है। उनसे वादा किया गया था कि इस IPL में उनका बेटा किसी टीम की तरफ से खेलते नजर आएंगे। इस साल आइपीएल शुरू होने के पहले पिता इसी इंतजार में थे कि शायद बेटे को IPL से बुलावा आएगा, लेकिन ऐसा नहीं हुआ। अब उन्हें इस धोखाधड़ी का अहसास हो रहा है। पुलिस अब इस केस की तफ्तीश में जुट गई है और माना जा रहा है कि इसमें कई बड़े खुलासे हो सकते हैं क्योंकि आरोपी सगे भाइयों के बारे में पता चल गया है। खबर है कि दोनों भाइयों ने क्षेत्र के कुछ और लोगों से भी इसी तरह की ठगी की है। आगे पढ़िए और जानिए कि आखिर कैसे इस बड़ी लूट को अंजाम दिया गया है।

उत्तरकाशी जिले के लिवाड़ी गांव के रहने वाले हाकम सिंह ने पुरोला थाने में इस बेरे में तहरीर दी । आरोप खलाड़ी गांव के रहने वाले दो सगे भाईयों अंकित रावत और संदीप रावत पर लगाए हैं। पीड़ि‍त का कहना है कि बीते साल मार्च में मिनी स्टेडियम पुरोला में एक कार्यक्रम आयोजित किया गया था। इस दौरान हाकिम सिंह की मुलाकात अंकित और संदीप से हुई थी। अंकित ने कहा कि वो उनके बेटे का सलेक्शन IPL की किसी टीम में चयन करा देगा। इसके बदले उसने 70 लाख रुपयों की डिमांड की। खास बात ये है कि इस पुरस्कार वितरण समारोह में भारतीय क्रिकेट टीम के दिग्गज खिलाड़ी युवराज सिंह को बुलाया गया था। दोनों भाइयों ने इस दौरान ये धमक भी दिखाई कि उनके संबंध बड़े लेवल के खिलाड़ियों से हैं। हाकिम सिंह ने अपनी शिकायत में आगे कहा है कि बेटे के भविष्य के लिए उन्होंने अपनी भेड़-बकरियां बेच दी। रिश्तेदारों से कर्ज लेकर 70 लाख रुपयों का इंतजाम किया। इसके बाद अंकित के कहे मुताबिक उसके बैंक खाते में पैसे जमा करा दिए।

इस साल आइपीएल शुरू होने के पहले पिता इस इंतजार में थे कि बेटे का सलेक्शन किसी एक टीम में होगा। ऐसा नहीं हुआ तो उन्हें अपने साथ धोखाधड़ी का एहसास हुआ। इसके बाद उन्होंने अंकित और उसके भाई से मुलाकात की तो दोनों ने गोलमोल जवाब दिया। रकम मांगी गई तो दोनों इस बात से मुकर गए। उत्तरकाशी के पुलिस अधीक्षक पंकज भट्ट का कहना है कि हाकम सिंह की तहरीर के आधार पर दोनों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। शुरुआती जांच में सामने आया कि अंकित ने नोएडा में प्रीमियर लीग नाम से एक स्पोटर्स कंपनी खोली हुई है। इस कंपनी में उसने अपने भाई संदीप को सेक्रेटरी रखा हुआ है। उसी की आड़ में वो खिलाड़ियों से मेल जोल की कोशिश करता था। पुलिस अधीक्षक का कहना है कि इनके नेटवर्क का पता लगाया जा रहा है।


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