कैप्टन अमरिंदर...पंजाब का वो सीएम, जिसके फैन हैं उत्तराखंड के लाखों लोग

कहते हैं कि अगर राज्य के सीएम की तारीफ दूसरे राज्य में हो रही है, तो इसका मतलब है कि ...काम बोलता है। पढ़िए कैप्टन अमरिंदर सिंह के बारे में …

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आज उत्तराखंड के लोखों परिवार ऐसे हैं, जो गांवों से बाहर शहरों में या फिर किसी और राज्य में रह रहे हैं। लाखों लोग ऐसे भी होंगे, जो पंजाब में रह रहे हैं। आप पंजाब चले जाइए...तो पाएंगे कि वहां उत्तराखंड के लोग हंसी खुशी जी रहे हैं। ये सब कुछ संभव हो पाया है कैप्टन अमरिंदर सिंह के कामों की बदौलत। सभी को साथ लेकर चलने और समाज में सद्भावना कायम करने में अमरिंदर काफी हद तक कारगर रहे। हाल ही में पुलवामा में हमला हुआ था, जिसमें पंजाब, उत्तराखंड के साथ साथ देशभर के 40 जवान शहीद हुए थे। उस दौरान कैप्टन अमरिंदर ने ऐसा बयान दिया था, जिसकी उत्तराखंड में भी जमकर तारीफ हुई थी। सीएम अमरिंदर सिंह सदन में दहाड़े थे और पाकिस्तान के सेना प्रमुख जनरल कमर जावेद बाजवा को खुली चुनौती दे दी थी। उन्होंने कहा कि ‘तू पंजाबी है, हम भी पंजाबी हैं, यहां घुस के दिखा, हम तुझे सीधा कर देंगे’।

उस दौरान कैप्टन अमरिंदर ने कहा था कि पाकिस्तान के साथ शांति की बात करने का समय बीत चुका है’। उन्होंने साफ तौर पर कह दिया था कि 40 जवानों के बदले पाकिस्तान को 80 लोगों की कीमत चुकानी होगी। जब पुलवामा में आतंकी हमला हुआ था, तो उत्तराखंड में भी गुस्सा था। उस हमले में उत्तराखंड ने दो सपूत खो दिए थे। कैप्टन अमरिंदर की संवेदनाएं शहीदों के परिवारों से इसलिए भी जुड़ी हैं, क्योंकि वो खुद भारतीय सेना में रहकर 1965 की जंग के साक्षी रहे हैं। पंजाब और उत्तराखंड सैन्य बाहुल्य राज्य कहे जाते हैं और इस वजह से कैप्टन अमरिंदर के दिल में इन राज्यों के लिए विशेष लगाव है। उत्तराखंड के लोग भी इस बात को जानते हैं कि सेना से आया हुआ एक शख्स ही सेना और शहादत का असल मतलब समझ सकता है। ये ही वजह है कि उत्तराखंड में भी कैप्टन का दिल से सम्मान होता है।


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