उत्तराखंड रुद्रप्रयागThree Women Rescued from Mandakini River in Rudraprayag

रुद्रप्रयाग: मंदाकिनी का अचानक बढ़ा जलस्तर, बीच धारा में फंसीं 3 महिलाएं.. SDRF-DDRF ने किया रेस्क्यू

रुद्रप्रयाग के तिलवाड़ा में मंदाकिनी नदी का जलस्तर अचानक बढ़ने से लकड़ियां निकालने गई तीन महिलाएं बीच धारा में फंस गईं। SDRF और DDRF की टीम ने समय रहते रेस्क्यू कर तीनों को सुरक्षित बचा लिया

Uttarakhand River Rescue: Three Women Rescued from Mandakini River in Rudraprayag
Image: Three Women Rescued from Mandakini River in Rudraprayag (Source: Social Media)

रुद्रप्रयाग: उत्तराखंड के रुद्रप्रयाग जिले के तिलवाड़ा क्षेत्र में मंगलवार को एक बड़ा हादसा टल गया। मंदाकिनी नदी के बीच तीन महिलाएं अचानक तेज बहाव में फंस गईं, जिससे इलाके में अफरा-तफरी मच गई। बताया जा रहा है कि महिलाएं नदी में बहकर आ रही लकड़ियां निकालने गई थीं, तभी अचानक नदी का जलस्तर तेजी से बढ़ गया और वे चारों ओर से पानी से घिर गईं।

Three Women Rescued from Mandakini River in Rudraprayag

घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय लोगों ने प्रशासन को जानकारी दी। इसके बाद SDRF और DDRF की टीमें तत्काल राहत एवं बचाव उपकरणों के साथ मौके पर पहुंचीं। तेज बहाव और लगातार हो रही बारिश के बावजूद बचाव दल ने जोखिम उठाते हुए अभियान चलाया और तीनों महिलाओं को सुरक्षित बाहर निकाल लिया।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, कुछ ही मिनटों में नदी का बहाव इतना तेज हो गया कि महिलाओं के लिए बाहर निकलना असंभव हो गया था। समय रहते रेस्क्यू शुरू होने से बड़ा हादसा टल गया। आगे पढ़िए..

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जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी नंदन सिंह रजवार ने बताया कि तिलवाड़ा क्षेत्र में महिलाओं के नदी में फंसने की सूचना मिलते ही SDRF और DDRF की टीमों को तुरंत रवाना किया गया। बचाव अभियान युद्धस्तर पर चलाया गया और लगातार निगरानी रखी गई। उन्होंने बताया कि भारी बारिश के कारण मंदाकिनी नदी उफान पर है, लेकिन राहत दल ने समय रहते तीनों महिलाओं को सुरक्षित बाहर निकाल लिया।

भारी बारिश से बिगड़े हालात, प्रशासन की अपील

जिले में लगातार हो रही बारिश के चलते नदियों का जलस्तर तेजी से बढ़ रहा है। अलकनंदा नदी भी कई स्थानों पर खतरे के निशान के करीब पहुंच गई है। बेलनी क्षेत्र में स्थापित भगवान शिव की विशाल प्रतिमा भी जलमग्न हो गई है। प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि वे नदी, नालों और तटवर्ती क्षेत्रों से पूरी तरह दूर रहें तथा बहाव वाले इलाकों में जाने का जोखिम बिल्कुल न उठाएं। मौसम खराब होने के दौरान किसी भी तरह की लापरवाही जानलेवा साबित हो सकती है।