उत्तराखंड ऋषिकेशBangladeshi National Arrested in Rishikesh

Uttarakhand news: उत्तराखंड में घुसा बांग्लादेश का रहमान, सत्यसाधू बनकर घूम रहा था; पुलिस ने किया प्लान फेल

Uttarakhand News: ऋषिकेश के लक्ष्मण झूला क्षेत्र में पुलिस ने ऑपरेशन प्रहार के तहत एक बांग्लादेशी नागरिक को गिरफ्तार किया, जो हिंदू नाम बदलकर 2016 से भारत में रह रहा था।

Rishikesh police arrest: Bangladeshi National Arrested in Rishikesh
Image: Bangladeshi National Arrested in Rishikesh (Source: Social Media)

ऋषिकेश: ऋषिकेश के लक्ष्मण झूला क्षेत्र में पुलिस को बड़ी कामयाबी मिली है। चलाए जा रहे विशेष अभियान “ऑपरेशन प्रहार” के तहत एक संदिग्ध व्यक्ति को गिरफ्तार किया गया, जो अवैध रूप से भारत में रह रहा था। यह कार्रवाई सुरक्षा एजेंसियों के लिए महत्वपूर्ण मानी जा रही है।

Bangladeshi National Arrested in Rishikesh

जानकारी के अनुसार कोतवाली लक्ष्मणझूला पुलिस और अभिसूचना इकाई ने रामझूला रोड स्थित काली मंदिर के पास संयुक्त चेकिंग अभियान चलाया। इस दौरान संदिग्ध गतिविधि के आधार पर व्यक्ति को रोका गया। पूछताछ में वह संतोषजनक जवाब नहीं दे पाया, जिसके बाद सख्ती से पूछताछ करने पर उसकी असली पहचान सामने आ गई। जांच में सामने आया कि वह बांग्लादेश के फरीदपुर का निवासी है और हिंदू नाम अपनाकर लंबे समय से लोगों को गुमराह कर रहा था। उसके माथे पर तिलक और बदले हुए नाम के कारण किसी को उस पर आसानी से शक नहीं हुआ।
पूछताछ में आरोपी ने अपनी पहचान सनीउर रहमान उर्फ सत्यसाधू (39 वर्ष) के रूप में बताई। उसने कबूल किया कि वह वर्ष 2016 से बिना वीजा भारत में रह रहा था। उसने अपनी पहचान छिपाने के लिए दिल्ली के पते पर फर्जी नाम से आधार कार्ड भी बनवाया था। लंबे समय से वह इसी फर्जी पहचान के सहारे अलग-अलग जगहों पर रह रहा था। आगे पढ़िए..

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पुलिस ने आरोपी के कब्जे से एक एक्सपायर बांग्लादेशी पासपोर्ट, फर्जी आधार कार्ड, तीन मोबाइल फोन, लैपटॉप, टैबलेट, पेन ड्राइव सहित अन्य इलेक्ट्रॉनिक उपकरण बरामद किए हैं। बरामद सामान की जांच की जा रही है ताकि यह पता लगाया जा सके कि इनका इस्तेमाल किस उद्देश्य से किया जा रहा था। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर उसे गिरफ्तार कर लिया है। अब यह भी जांच की जा रही है कि वह किसी नेटवर्क से जुड़ा था या नहीं और फर्जी दस्तावेज बनवाने में किसकी मदद ली गई।
ऋषिकेश में हुई यह गिरफ्तारी अवैध घुसपैठ और फर्जी पहचान के गंभीर मामलों को उजागर करती है। यह कार्रवाई दिखाती है कि सुरक्षा एजेंसियां ऐसे मामलों को लेकर सतर्क हैं। आने वाले समय में जांच के आधार पर और भी बड़े खुलासे हो सकते हैं।