रुद्रप्रयाग: उत्तराखंड में चारधाम यात्रा शुरू होने से ठीक पहले सरकार ने एक बड़ा प्रशासनिक निर्णय लिया है। बदरी-केदार मंदिर समिति (BKTC) के खाली पड़े सीईओ पद पर अब आईएएस अधिकारी को नियुक्त किया गया है। यह कदम यात्रा व्यवस्था को बेहतर और पारदर्शी बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
IAS Officer Vishal Mishra Appointed as BKTC CEO
सरकार ने विशाल मिश्रा (2018 बैच) को BKTC का नया CEO नियुक्त किया है। वर्तमान में वह रुद्रप्रयाग के जिलाधिकारी के पद पर तैनात हैं। उनकी नियुक्ति ऐसे समय में हुई है जब चारधाम यात्रा की तैयारियां अपने अंतिम चरण में हैं।
विवादों के बाद खाली हुआ था पद
इससे पहले BKTC के सीईओ विजय थपलियाल को शासन ने पद से हटा दिया था। समिति पिछले कुछ समय से विभिन्न विवादों में घिरी हुई थी, जिसके बाद यह बड़ा निर्णय लिया गया। पद खाली होने के बाद से ही कयास लगाए जा रहे थे कि किसी वरिष्ठ आईएएस अधिकारी को यह जिम्मेदारी सौंपी जाएगी।
19 अप्रैल से शुरू होगी चारधाम यात्रा
राज्य में चारधाम यात्रा की शुरुआत 19 अप्रैल से होने जा रही है। हर साल लाखों श्रद्धालु चारधाम यात्रा में शामिल होते हैं। ऐसे में यात्रा से पहले प्रशासनिक स्तर पर मजबूत व्यवस्था सुनिश्चित करना बेहद जरूरी माना जाता है। चारधाम यात्रा से पहले ही अप्रैल के पहले सप्ताह में नरेंद्र मोदी के उत्तराखंड दौरे की भी तैयारी चल रही है। इस बीच BKTC के CEO पद पर IAS अधिकारी की नियुक्ति को प्रशासनिक मजबूती और बेहतर समन्वय के तौर पर देखा जा रहा है।
क्या होगी नई जिम्मेदारी?
नए CEO के रूप में विशाल मिश्रा पर कई अहम जिम्मेदारियां होंगी:
चारधाम यात्रा की व्यवस्थाओं की निगरानी
श्रद्धालुओं की सुविधा और सुरक्षा सुनिश्चित करना
मंदिर समिति से जुड़े विवादों को सुलझाना
प्रशासन और मंदिर प्रबंधन के बीच समन्वय
चारधाम यात्रा से ठीक पहले BKTC में IAS अधिकारी की नियुक्ति सरकार का रणनीतिक कदम माना जा रहा है। इससे उम्मीद की जा रही है कि इस बार यात्रा अधिक व्यवस्थित और सुचारु रूप से संपन्न होगी।