देहरादून: रणजी ट्रॉफी 2024-25 के क्वार्टरफाइनल मुकाबले में उत्तराखंड क्रिकेट टीम ने झारखंड के खिलाफ शानदार ऑलराउंड प्रदर्शन करते हुए इतिहास रच दिया। उत्तराखंड ने यह मुकाबला पारी और 6 रन से जीतकर सेमीफाइनल में अपनी जगह पक्की कर ली। तीसरे दिन गेंदबाजों ने ऐसा दबाव बनाया कि झारखंड की दूसरी पारी पूरी तरह बिखर गई।
All-Round Uttarakhand Knock Jharkhand Out to Reach Ranji Trophy Semifinal
मैच के तीसरे दिन उत्तराखंड ने अपने 282 रन पर 5 विकेट के ओवरनाइट स्कोर से आगे खेलना शुरू किया। टीम ने संयम और धैर्य के साथ बल्लेबाजी करते हुए अपनी पहली पारी 371 रन तक पहुंचाई। इस दौरान उत्तराखंड ने 136 रनों की मजबूत बढ़त हासिल की, जिसने मैच का रुख पूरी तरह बदल दिया और झारखंड को बैकफुट पर धकेल दिया।
बल्लेबाजों ने निभाई अहम भूमिका
उत्तराखंड की पहली पारी में कई बल्लेबाजों ने जिम्मेदारी से खेलते हुए टीम को मजबूत स्थिति में पहुंचाया। जगदीशा सुचित ने 70 रन की अहम पारी खेली, वहीं कुणाल चंदेला ने 68 रन बनाकर पारी को मजबूती दी। युवा बल्लेबाज अवनीश सुधा ने 64 रन की शानदार पारी खेली। निचले क्रम में अभय नेगी ने 46 रन जोड़कर झारखंड पर दबाव और बढ़ा दिया।
झारखंड की बल्लेबाजी एक बार फिर हुई फेल
पहली पारी में 235 रन पर सिमटने वाली झारखंड की टीम दूसरी पारी में भी संभल नहीं सकी। उत्तराखंड के गेंदबाजों ने शुरुआत से ही सटीक लाइन-लेंथ में गेंदबाजी की। चौथे ओवर तक ही झारखंड के ओपनर शिखर मोहन और शरणदीप सिंह सिंगल डिजिट स्कोर पर आउट हो गए और टीम का स्कोर 14 रन पर 2 विकेट हो गया।
अभय नेगी ने दिलाए शुरुआती झटके
उत्तराखंड के ऑलराउंडर अभय नेगी ने नई गेंद से बेहतरीन गेंदबाजी करते हुए झारखंड की शुरुआत ही खराब कर दी। उनकी तेज और सटीक गेंदों के सामने झारखंड के बल्लेबाज टिक नहीं सके। अभय नेगी ने दूसरी पारी में 4 विकेट 36 रन देकर झारखंड की रीढ़ तोड़ दी।
विराट सिंह और कुशाग्र की साझेदारी भी नहीं बचा सकी टीम
कप्तान विराट सिंह ने 55 रन की संघर्षपूर्ण पारी खेली, जबकि कुमार कुशाग्र ने 34 रन का योगदान दिया। दोनों के बीच तीसरे विकेट के लिए 86 रनों की साझेदारी जरूर हुई, लेकिन इसके बाद झारखंड की पारी फिर लड़खड़ा गई। टीम को एक बड़ी पारी की सख्त जरूरत थी, जो कोई भी बल्लेबाज नहीं खेल सका।
आदित्य सिंह का बल्ला इस बार रहा खामोश
पहली पारी में 83 रन बनाकर झारखंड की उम्मीद जगाने वाले आदित्य सिंह दूसरी पारी में दबाव नहीं झेल सके। वह महज 9 रन बनाकर आउट हो गए। इसके बाद झारखंड की बल्लेबाजी पूरी तरह बिखर गई और विकेटों का पतन तेज हो गया।
अनुभवी बाएं हाथ के स्पिनर मयंक मिश्रा ने दूसरी पारी में झारखंड के मिडिल ऑर्डर और टेल को पूरी तरह ध्वस्त कर दिया। मयंक मिश्रा ने 22 रन देकर 5 विकेट चटकाए। झारखंड की टीम 100 रन पर 3 विकेट से 126 रन पर 9 विकेट तक सिमट गई।
पारी और 6 रन से उत्तराखंड की बड़ी जीत
इस दौरान टीम ने 6 विकेट सिंगल डिजिट स्कोर पर गंवाए और 3 बल्लेबाज शून्य पर आउट हुए। झारखंड की पूरी टीम 130 रन पर ऑलआउट हो गई और उत्तराखंड ने मुकाबला पारी और 6 रन से अपने नाम कर लिया। इस जीत के साथ उत्तराखंड ने रणजी ट्रॉफी के सेमीफाइनल में प्रवेश कर लिया है।