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अवनी चतुर्वेदी ने रचा इतिहास, वायुसेना की पहली महिला ऑफिसर, जिसने उड़ाया मिग-21

अवनी चतुर्वेदी ने रचा इतिहास, वायुसेना की पहली महिला ऑफिसर, जिसने उड़ाया मिग-21

Story of awani chaturvedi  - अवनी चतुर्वेदी, भारतीय वायुसेना

एक तरफ हिंदुस्तान की कुछ जगहों में आज भी लड़कियों के जन्म को अशुभ माना जाता है। तमाम सरकारें बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ के जरिए लड़कियों की संख्या बढ़ाने पर जोर दे रही है। इस निराशा और हताशा के बीच देश की बेटी अवनि चतुर्वेदी की कामयाबी ऐसे लोगों को खुला जवाब है, जो लड़कों और लड़कियों में भेदभाव करते हैं। 19 फरवरी को अवनि चतुर्वेदी ने जामनगर एयरबेस में मिग-21 उड़ाया। इस बेटी ने साबित कर दिया कि महिलाएं, पुरुषों से किसी भी मायने में कम नहीं हैं। आपको बता दें कि मिग-21 दुनिया में सबसे ज्यादा लैंडिंग और टेक-ऑफ स्पीड करने वाला विमान है। अवनि के नाम का अर्थ है धरती। लेकिन आज देश की ये बेटी आसमान में है। आसमान में अपने कौशल से ये बेटी फाइटर प्लेन उड़ा रही हैं। अवनि का जन्म 27 अक्टूबर 1993 को मध्य प्रदेश के रीवा में हुआ था।

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उनके पिता श्री दिनकर चतुर्वेदी एग्जिक्युटिव इंजीनियर हैं और उनकी मां एक घरेलू महिला हैं। 2016 में अवनि वायुसेना में फाइटर प्लेन पायलट बनी थीं। उस मौके पर उन्होंने कहा था कि हर किसी का बस एक सपना होता है कि वो उड़ान भरें। अवनी कहती हैं कि अगर आप आसमान की ओर देखते हैं तो पक्षियों की तरह उड़ने का मन करता है। अवनि की आदर्श हैं कल्पना चावला हैं। वो बचपन से ही कल्पना चावला की फैन रही हैं। एक दिन उन्हें भी कल्पना चावला जैसा मुकाम हासिल करना था।अब अवनि सुखोई और तेजस जैसे लड़ाकू विमान भी उड़ा सकेंगी। दुनिया में सिर्फ अमेरिका, ब्रिटेन और इजरायल में ही महिलाएं फाइटर पायलट बन सकती हैं। भारत सरकार ने महिलाओं को 2015 में फाइटर पायलट के लिए अनुमति दी थी। अवनी आज अपने सपनों का पीछा करते हुए वो वहां तक पहुँच गई, जहाँ पहुँचने का ख्वाब हर किसी के दिल में होता है।

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2016 में पहली बार तीन महिलाओं अवनि चतुर्वेदी, मोहना सिंह और भावना को वायु सेना में कमिशन किया गया था। देश में 1991 से महिलाएं हेलिकॉप्टर और ट्रांसपोर्ट एयरक्राफ्ट उड़ा रही हैं, लेकिन फाइटर प्लेन से उन्हें दूर रखा जाता था। अब भारतीय वायुसेना की फ्लाइंग ऑफिसर अवनी चतुर्वेदी ने इतिहास रच दिया। वो फाइटर प्लेन को अकेले उड़ाने वाली देश की पहली महिला फाइटर पायलट बन गई हैं। अवनी ने गुजरात के जामनगर में अपनी पहली ट्रेनिंग में अकेले मिग-21 बाइसन फाइटर प्लेन उड़ाया। अवनि के बड़े भाई भी एक आर्मी ऑफिसर हैं।अवनि की स्कूली शिक्षा मध्य प्रदेश के शहडोल जिले के एक छोटे से कस्बे देउलंद में हुई। 2014 में उन्होंने राजस्थान की वनस्थली यूनिवर्सिटी से उन्होंने टेक्नोलॉजी में ग्रेजुएशन की है। इसके बाद उन्होंने इंडियन एयरफोर्स का एग्जाम पास किया।


Uttarakhand News: Story of awani chaturvedi

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