पहाड़ का नौजवान मलेशिया में लापता...एजेंट ने दिया धोखा..मदद के लिए आए रोशन रतूड़ी

उत्तराखंड के युवा एजेंट के लालच में आकर विदेश तो चले जाते हैं लेकिन उसके बाद उनके साथ ऐसा हाल होता है, जिसके बारे में कोई सोच नहीं सकता।

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अगर आप उत्तराखंड से हैं और कोई एजेंट आपको नौकरी का झांसा देकर विदेश भेजने का वादा करता है, तो जरा संभलिए। एक बार फिर से पहाड़ का एक युवा मलेशिया में लापता है। युवक का नाम विरेन्द्र कुमार आर्य बताया जा रहा है। विरेन्द्र के परिवार की की मदद के लिए रोशन रतूड़ी आगे आए हैं। उनका कहना है कि “मलेशिया के क्वालालाम्पुर शहर में जिस किसी भाई-बहन को विरेंद्र कुमार आर्य का पता लगे, या आप में से किसी ने इनको देखा हो। मेरा हाथ जोड़कर प्रार्थना कि आप मुझे तुरंत सम्पर्क कर सकते हैं। रोशन रतूड़ी का वॉट्सएप नम्बर +971-5040-91945 है। विरेंद्र कुमार उत्तराखंड के जिला-बागेश्वर, बैजनाथ, गाँव-भकुनखोला के रहने वाले हैं। उनके पिता का नाम किशन राम है। विरेंद्र कुमार आर्य के पिता ने ऐजेंट को साढ़े तीन लाख रुपये दिये हैं। एजेंट का नाम है प्रिंस उर्फ़ प्रवेश बताया जा रहा है, जो की मलेशिया के शिबू,सरावक, शहर में रहता है। आगे पढ़िए पूरी डिटेल...

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रोशन रतूड़ी कहते हैं कि इनका बहुत बड़ा गिरोह चल रहा है। आगे रोशन रतूड़ी कहते हैं कि ‘कुछ दलालों के नबर मुझे प्राप्त हो चुके हैं। दलालों नें विरेंद्र कुमार को कहा कि आपको “मर्चेंट नेवी शिप“ मैं नौकरी देंगे और सैलरी भी बहुत ज़्यादा मिलगी। जिसके लिये उसने 6 महीने का कोर्स भी किया और 25 जनवरी 2019 को विरेंद्र कुमार भुवनेश्वर से मलेशिया के लिए रवाना हुआ था’। रोशन रतूड़ी आगे लिखते हैं कि ‘विरेंद्र कुमार के पिता ने बेटे की नौकरी के लिये पहले 2 लाख रूपये नगद दिए और इसके बाद 55,000, फिर 25,000 हज़ार और 35,000 हज़ार रुपये उसके बैंक खाते में जमा करवाए। ये सोचकर की उनके बेटे का अच्छा भविष्य बन जायेगा। लेकिन मिला क्या ? सिर्फ धोखा ? आज इस परिवार ने रोशन रतूड़ी से मदद मांगी है। रोशन रतूड़ी और उनकी टीम की पूरी कोशिश है कि जल्दी से जल्दी विरेंद्र सिंह का पता लगायें, और विरेंद्र को उसके परिवार के पास सकुशल पहुंचाया जाए।

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कुछ दिन पहले वीरेंद्र कुमार की तबीयत ख़राब हो गयी थी और उन्हें हॉस्पिटल लाया गया। बताया जा रहा है कि उसे बहुत सताया गया है जिस कारण उसके दिमाग पर असर पड़ा है। इसलिए हम भी आपसे ये ही अपील करना चाहते हैं कि सावधान रहें और ऐसे एजेंट से बचकर रहें।

“मलेशिया देश के कवालामपुर शहर में जिस किसी भाई-बहन को विरेंद्र कुमार आर्य का पता लगे, या आप में से किसी ने इनको देखा हो...

Posted by Roshan Raturi RR on Wednesday, June 12, 2019


Uttarakhand News: STORY OF VIRENDRA KUMAR ARYA OF ALMORA

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